
संवाददाता हरिराम देवांगन/ सरस्वती शिशु मंदिर चांपा में गणित मेला व आनंद मेला का भव्य आयोजन
छात्र-छात्राओं ने रचनात्मकता, तर्कशक्ति व सांस्कृतिक प्रतिभा का किया प्रभावशाली प्रदर्शन
चांपा | जिला उप-मुख्यालय
सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, चांपा में महान गणितज्ञ श्रीनिवास रामानुजन की जयंती के अवसर पर गणित मेला एवं आनंद मेला का भव्य व हर्षोल्लासपूर्ण आयोजन किया गया। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में गणितीय सोच के साथ-साथ रचनात्मकता, आत्मविश्वास एवं सामूहिक सहभागिता को विकसित करना रहा।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सतीश साहू (व्याख्याता, ग्राम अमोदा), विशिष्ट अतिथि गिरिजा शंकर साहू (व्याख्याता, ग्राम मड़वा) तथा अध्यक्षता डॉ. शांति कुमार सोनी (व्यवस्थापक, सरस्वती शिशु मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, चांपा) ने की।
विशेष रूप से मंचासीन विद्यालय के प्राचार्य अश्वनी कुमार कश्यप, प्रधानाचार्य कृष्ण कुमार पांडेय एवं आचार्य ललित सिंह सिंगर उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती माता, प्रणव अक्षर ‘ॐ’, भारत माता एवं महान गणितज्ञ श्रीनिवास रामानुजन के छायाचित्र पर दीप प्रज्वलन व तिलक वंदन के साथ किया गया।
गणित मेला के अंतर्गत विद्यार्थियों ने भाषण, गणितीय रंगोली, चित्रकला, चार्ट, मॉडल एवं ज्यामितीय आकृतियों के माध्यम से जटिल गणितीय अवधारणाओं को सरल, रोचक और आकर्षक रूप में प्रस्तुत किया। गणितीय संक्रियाओं के चिन्हों व आकृतियों का जीवंत प्रदर्शन दर्शकों के आकर्षण का केंद्र रहा।
वहीं आनंद मेला के अंतर्गत विभिन्न रचनात्मक गतिविधियाँ, स्टॉल, खेल एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ आयोजित की गईं, जिनमें छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर पूरे परिसर को उत्सवमय वातावरण से भर दिया।
मुख्य अतिथि सतीश साहू ने अपने उद्बोधन में कहा कि “गणित हमारे जीवन का अभिन्न अंग है। हमारा दिन गणित से आरंभ होता है और उसी पर समाप्त होता है। गणित के बिना किसी भी विषय की कल्पना संभव नहीं है।”
विशिष्ट अतिथि गिरिजा शंकर साहू ने कहा कि “श्रीनिवास रामानुजन जिज्ञासु प्रवृत्ति के महान गणितज्ञ थे, जिन्होंने बिना औपचारिक शिक्षा के ऐसे अद्भुत सूत्र दिए, जिन्हें आज भी विश्वभर के गणितज्ञ सराहते हैं।”
कार्यक्रम को सफल बनाने में भूपेंद्र साहू, गजानन कश्यप, कुमारी पायल देवांगन, किशोर शर्मा, लक्ष्मीकांत यादव, किशोर तिवारी, तृप्ति यादव, नेहा थापा, आंशी तिवारी, साधना श्रीवास सहित समस्त आचार्य-भगिनियों का सराहनीय योगदान रहा।
कार्यक्रम का संचालन ललिता तिवारी द्वारा किया गया, जबकि आभार प्रदर्शन विद्यालय के प्राचार्य अश्वनी कुमार कश्यप ने किया।








