
हरिओम विश्वकर्मा की रिपोर्ट/अल्ट्राटेक सीमेंट संयंत्र हिरमी में दो मासूमों की डूबने से मौत, प्रबंधन व प्रशासन पर उठे सवाल
बलौदाबाजार।
बलौदाबाजार जिले के सिमगा विकासखंड अंतर्गत स्थित अल्ट्राटेक सीमेंट संयंत्र हिरमी-रावन एक बार फिर गंभीर आरोपों के घेरे में आ गया है। संयंत्र परिसर के भीतर पानी से भरे क्षेत्र में डूबने से दो मासूम बच्चों की मौत का मामला सामने आया है। घटना के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है और स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश देखने को मिल रहा है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार संयंत्र परिसर के भीतर पानी से भरे एक स्थान पर दो बच्चे डूब गए, जिससे उनकी मौत हो गई। बताया जा रहा है कि इस पूरे मामले को दबाने की कोशिश की जा रही है। चर्चा है कि मृत बच्चों के शव को जल्दबाजी में सीधे उड़ीसा भेज दिया गया, जिससे मामला सार्वजनिक न हो सके।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि संयंत्र में पहले भी कई हादसे हो चुके हैं, लेकिन अधिकतर मामलों को दबा दिया जाता है। कुछ ग्रामीणों का कहना है कि इससे पहले भी कई बार दुर्घटनाओं में लोगों की मौत हो चुकी है, जिनकी सही जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई। इससे यह सवाल उठने लगा है कि संयंत्र के भीतर सुरक्षा व्यवस्था कितनी मजबूत है और दुर्घटनाओं को रोकने के लिए क्या ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।
ग्रामीणों का यह भी आरोप है कि संयंत्र में बाहरी राज्यों के कर्मचारियों को प्राथमिकता दी जाती है, जबकि छत्तीसगढ़ के स्थानीय लोगों को प्रताड़ना, शिकायतों की अनदेखी और धमकी भरे व्यवहार का सामना करना पड़ता है। इससे क्षेत्र में असंतोष लगातार बढ़ता जा रहा है।
घटना के संबंध में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से संपर्क करने पर पारस पटेल ने बताया कि वे अवकाश पर हैं। वहीं सिमगा एसडीएम अतुल शेटे ने कहा कि वे इस संबंध में तहसीलदार से जानकारी लेकर ही कुछ बता पाएंगे।
इधर होली पर्व की व्यस्तता के बीच स्थानीय लोगों का कहना है कि इतनी गंभीर घटना होने के बावजूद प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की ओर से अब तक कोई स्पष्ट बयान सामने नहीं आया है। ग्रामीणों और सामाजिक संगठनों ने मांग की है कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए, मृत बच्चों के परिवार को न्याय मिले तथा संयंत्र के भीतर सुरक्षा व्यवस्था को सख्ती से लागू किया जाए।








