
संवाददाता धीरेंद्र कुमार जायसवाल “पत्रकार ने मांगी सुरक्षा, जान से मारने की साजिश का आरोप”
लड़ाई एक पत्रकार की नहीं, लोकतंत्र की है!
अंबिकापुर में पत्रकार अमित पाण्डेय ने पुलिस प्रशासन को सौंपा आवेदन, भ्रष्टाचार उजागर करने पर खतरे की आशंका
अंबिकापुर, सरगुजा
जिले के सक्रिय पत्रकार एवं सोशल मीडिया इंफ्लुएंसर अमित कुमार पाण्डेय ने अपनी जान को खतरा बताते हुए पुलिस प्रशासन से तत्काल सुरक्षा की मांग की है। इस संबंध में उन्होंने पुलिस महानिरीक्षक, सरगुजा रेंज अंबिकापुर को लिखित आवेदन सौंपकर गंभीर आरोप लगाए हैं।
पत्रकार अमित पाण्डेय ने अपने आवेदन में उल्लेख किया है कि वे लंबे समय से जनहित से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाते रहे हैं। उन्होंने भ्रष्टाचार, घोटालों और प्रशासनिक खामियों को उजागर किया है, जिसके चलते कुछ कथित भ्रष्ट अधिकारी, कर्मचारी एवं उनके सहयोगी उनके खिलाफ साजिश रच रहे हैं।
आवेदन के अनुसार, उन्हें विश्वसनीय सूत्रों से जानकारी मिली है कि उन्हें झूठे मामलों में फंसाने, सड़क दुर्घटना के बहाने जान से मारने तथा असामाजिक तत्वों के माध्यम से हमला कराने की योजना बनाई जा रही है। उन्होंने आशंका जताई है कि किसी भी समय उनके साथ गंभीर घटना हो सकती है।

पत्रकार ने यह भी आरोप लगाया है कि उनकी आवाज दबाने के लिए फर्जी प्रकरण दर्ज कराने की तैयारी की जा रही है। उन्होंने कहा कि यह सब इसलिए किया जा रहा है क्योंकि वे लगातार जनहित के मुद्दों पर सक्रिय हैं और भ्रष्टाचार के खिलाफ मुखर होकर लिखते रहे हैं।
इस पूरे मामले को गंभीर बताते हुए उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जाए, निवास के आसपास सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई जाए तथा किसी भी साजिश या फर्जी मामले की सूचना मिलने पर तत्काल कानूनी कार्रवाई की जाए।

पत्रकार ने अपने आवेदन की प्रतिलिपि पुलिस अधीक्षक जशपुर, पुलिस महानिदेशक रायपुर, मुख्यमंत्री निवास कार्यालय एवं गृह मंत्री छत्तीसगढ़ सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को भी भेजी है।
उन्होंने प्रशासन से त्वरित और निष्पक्ष कार्रवाई की अपेक्षा जताते हुए कहा कि इससे न केवल उनकी सुरक्षा सुनिश्चित होगी, बल्कि अन्य पत्रकारों एवं सोशल मीडिया एक्टिविस्ट्स में भी सुरक्षा का विश्वास मजबूत होगा।












