
कोहका रामायण चौरा बस्ती में पानी का संकट, जिम्मेदार कौन?
ग्राम पंचायत कोहका में जल व्यवस्था पर उठ रहे सवाल
कोहका/तिल्दा नेवरा। ग्राम पंचायत कोहका के रजिया रोड स्थित बोर बंद होने से ग्रामीणों को पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा है। बस्ती में अन्य जरूरी सुविधाएं होने के बावजूद पीने के पानी जैसी मूलभूत जरूरत के लिए लोगों को तरसना पड़ रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि इस बस्ती की पानी की समस्या को लेकर जिम्मेदारी तय नहीं है। वहीं दूसरी ओर कहीं किसी अन्य बस्ती या बोर में पानी की समस्या सामने आने पर तत्काल हंगामा और सक्रियता देखने को मिलती है। ऐसे में सवाल उठता है कि रजिया रोड बस्ती के लोगों की पानी की समस्या कब सुनी जाएगी?
सबसे बड़ा सवाल यह भी है कि एक तरफ कई जगह पानी खुले में बहकर बर्बाद हो रहा है, वहीं दूसरी तरफ लोग पीने के पानी के लिए परेशान हैं। आखिर पानी जैसी महत्वपूर्ण प्राकृतिक संपदा की इस तरह अनदेखी क्यों?
ग्रामीणों का कहना है कि ग्राम पंचायत कोहका को इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए बंद पड़े बोर की जांच कराकर जल्द से जल्द पानी की व्यवस्था बहाल करनी चाहिए, ताकि बस्ती के लोगों को राहत मिल सके।
आखिर सवाल यही है—जब पानी सबके लिए जरूरी है, तो रजिया रोड बस्ती के लोगों की पानी की जिम्मेदारी किसकी है?
ग्राम पंचायत कोहका से ग्रामीणों की मांग:
बंद बोर को जल्द चालू कराया जाए और बस्ती में नियमित पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
जनता का सवाल:
👉 कहीं पानी बह रहा है, कहीं पानी के लिए तरसना पड़ रहा है—आखिर इस असमान जल व्यवस्था का जिम्मेदार कौन?

















