
संवाददाता धीरेंद्र कुमार जायसवाल/ धान संग्रहण केंद्र में समझौते के बाद भी मजदूरों को गेट से रोका
तिल्दा (जिला रायपुर)
महिलाओं से अभद्र व्यवहार का आरोप, SDM व थाना में लिखित शिकायत
धान संग्रहण केंद्र तिल्दा में चल रहे मजदूर विवाद के बीच एक नया और गंभीर मामला सामने आया है। मजदूरों के अनुसार आपसी समझौते के बाद जब महिला एवं पुरुष मजदूर काम पर लौटने पहुंचे, तो उन्हें गेट के अंदर प्रवेश करने से रोक दिया गया।

मजदूरों का आरोप है कि इस दौरान नारी शक्तियों के साथ अपशब्दों का प्रयोग एवं अभद्र व्यवहार किया गया। महिलाओं का कहना है कि उन्हें इस तरह अपमानित किया गया जिससे उनकी अस्मिता और सम्मान पर आघात पहुंचा है।
इस घटना से आक्रोशित होकर सभी महिला एवं पुरुष मजदूर एकजुट होकर पहले SDM कार्यालय पहुंचे और पूरे घटनाक्रम की लिखित शिकायत सौंपी। इसके बाद मजदूरों ने थाना तिल्दा नेवरा पहुंचकर भी थाना प्रभारी को लिखित आवेदन दिया।

“काम करने आते हैं, अपमान सहने नहीं” — नारी शक्तियों का दो टूक संदेश
धरनारत महिलाओं ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि—

“हम काम करने आते हैं, गाली-गलौज और अपमान सहने नहीं।
अगर हमारी अस्मिता की बात आएगी, तो इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”
महिला मजदूरों ने प्रशासन से मांग की है कि इस मामले को सिर्फ श्रम विवाद नहीं, बल्कि महिला सम्मान और सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मामला मानते हुए दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए।
मजदूरों का कहना है कि यदि प्रशासन ने समय रहते ठोस कदम नहीं उठाए, तो वे आगे और बड़ा आंदोलन करने को मजबूर होंगे। वहीं पूरे घटनाक्रम के बाद क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है और अब सभी की नजरें प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी हैं।








